गुजरात विधानसभा चुनाव के ठीक एक साल पहले मुख्यमंत्री विजय रूपाणी ने दिया इस्तीफा

जयपुर। गुजरात के मुख्यमंत्री विजय रूपाणी ने अचानक मुख्यमंत्री पद से इस्तीफा देकर सबको चौंका दिया है। यह इस्तीफा ऐसे समय पर दिया गया है जब गुजरात में विधानसभा चुनाव होने को मात्र एक साल बचा है। इस्तीफा देने का मुख्य कारण क्या रहा है इस बात की पुष्टि बीजेपी ने अभी तक नहीं की है। ले​किन रूपाणी ने संवाददाताओं से कहा, "राज्य को नई ऊर्जा और शक्ति के साथ विकसित करने के लिए, मैंने मुख्यमंत्री पद से इस्तीफा देने का फैसला किया है।" उन्होंने कहा कि वह पार्टी के लिए काम करना जारी रखेंगे।

विधायक जिग्नेश मेवाणी का बयान
विजय रूपाणी के इस्तीफा देने के बाद निर्दलीय विधायक जिग्नेश मेवाणी का बयान आया और कहा कि मुख्यमंत्री के अपने आकलन में कम परोपकारी थे, जिग्नेश ने कोविड 19 कुप्रबंधन के लिए मुख्यमंत्री रूपाणी को दोषी ठहराया। मेवाणी ने ट्विटर पर पोस्ट करते हुए लिखा है कि "गुजरात के लोगों ने सराहना की होगी कि विजय रूपानी ने कोविड संकट के अपने खराब प्रबंधन के लिए इस्तीफा दे दिया था।"
बता दें कि गुजरात के मुख्यमंत्री रूपाणाी पर गुजरात में कोविड की मौतों को कम करके दिखाने का आरोप लगाया गया था। जुलाई में, गुजरात सरकार द्वारा संचालित एक प्रसिद्ध अस्पताल के एक वीडियो में एक लकवाग्रस्त कोविड रोगी के चेहरे पर चींटियों को रेंगते हुए दिखाया गया था। सर्वोच्च न्यायालय भी विजय रूपानी के नेतृत्व वाली सरकार की खिंचाई कर चुकी है। बता दें कि 65 वर्षीय रूपाणी ने दिसंबर 2017 में प्रधान मंत्री मोदी, गृह मंत्री अमित शाह और एक दर्जन से अधिक अन्य भाजपा मुख्यमंत्रियों के सामने दूसरे कार्यकाल के लिए शपथ ली थी।