जयपुर। आज सुबह प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने कृषि कानून वापस लेने की घोषणा की और कहा कि इस महिने के अंत में संसद सत्र के दौरान संवैधानिक प्रक्रिया के तहत कानूनों को निरस्त कर दिया जायेगा।
मोदी सरकार की इस घोषणा पर राजस्थान के मुख्यमंत्री अशोक गहलोत ने बीजेपी पर सियासी निशाना साधा है। अशोक गहलोत ने कहा कि यूपी सहित पांच राज्यों में चुनाव आने वाले हैं, और प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी इन चुनावों में हार के डर से घबरा गये हैं और इसके चलते मोदी ने घबराहट में ये फैसला लिया है। बीजेपी को उपचुनावों में करारी हार मिली है जिससे वो डर गये हैं।
मुख्यमंत्री अशोक गहलोत ने किसानों की इस जीत पर किसानों को मुबारकवाद दी है और इसे बीजेपी सरकार के घमंड की हार बताया है। गहलोत ने कहा कि देश में आजादी के बाद ये सबसे बड़ा आंदोलन था। इस आंदोलन में किसान गर्मी, सर्दी, बरसात, धूप में सडकों पर बैठा रहा। किसानों का विपक्ष की पार्टीयों ने बड़ा साथ जिसमें राहुल गांधी जी का बड़ा योगदान रहा। किसान नेता अब भी तीन कृषि कानून वापस लेने पर संसद में फैसला लेने की मांग कर रहे हैं। इस पर गहलोत बोले कि जब सरकार की विश्वसनीयता खत्म हो जाती है, मीडिया के बोलने का मतलब है कि आम आदमी बोल रहा होगा।
गोविंद सिंह डोटासारा ने भी साधा निशाना
दूसरी तरफ कांग्रेस प्रदेश अध्यक्ष और शिक्षामंत्री गोविंद सिंह डोटासारा ने कहा कि इस सुप्रीम कोर्ट ने कानूनों के निस्तारण को लेकर जो कमेटी बनाई थी उसका फैसला सरकार के खिलाफ आने वाला था और यह बात केंद्र सरकार को पता चल गई इसलिए ये मोदी सरकार ने इन्हें पहले ही निरस्त कर दिया। उप चुनाव के परिणाम और आगामी विधानसभा चुनाव में हार की घबराहट में यह फैसला लिया गया है। अब केन्द्र सरकार को किसानों की आय दोगुनी करने के वादे पर ध्यान देना चाहिए।