Navjot Sidhu ने केजरीवाल के घर के बाहर किया विरोध प्रदर्शन किया, बोले— दिल्ली में शिक्षकों को बनाया बंधुआ मजूदर

जयपुर। पंजाब में होने वाले विधानसभा चुनावों को लेकर आम आदमी पार्टी के नेता पंजाब में प्रचार करने में लगे हैं। आप के प्रमुख अरविंद केजरीवाल कईं चुनावी घोषणाएं कर चुके हैं। पहले केजरीवाल मोहाली में विरोध कर रहे शिक्षकों में शामिल हुए थे और दिल्ली के उपमुख्यमंत्री मनीष सिसोदिया ने पंजाब के मुख्यमंत्री चरणजीत सिंह चन्नी के निर्वाचन क्षेत्र के स्कूलों का दौरा किया था और वहां बुनियादी ढांचे की स्थिति की आलोचना की थी।
जैसे को तैसा करने वाली कहावत को सच करते हुए अब पंजाब में सत्तारूढ़ कांग्रेस ने अब अपने प्रतिद्वंद्वी के गृह क्षेत्र दिल्ली में लड़ाई लाने का फैसला किया है।

पंजाब कांग्रेस अध्यक्ष नवजोत सिंह सिद्धू ने दिल्ली के शिक्षकों के नियमितीकरण की मांग को लेकर आज दिल्ली के मुख्यमंत्री और आप संयोजक अरविंद केजरीवाल के आवास के बाहर अतिथि शिक्षकों के धरने में शामिल हो गए। विरोध स्थल पर नवजोत सिद्धू को विरोध करने वाले शिक्षकों के साथ नारे लगाते हुए देखा गया है।
उन्होंने दिल्ली सरकार को उसके शिक्षा मॉडल पर निशाना बनाने के लिए भी ट्विटर का सहारा लिया और कहा कि, 'अपने 2015 के घोषणापत्र में आपने दिल्ली में 8 लाख नई नौकरियों और 20 नए कॉलेजों का वादा किया था, नौकरियां और कॉलेज कहां हैं? आपने दिल्ली में सिर्फ 440 नौकरियां दी हैं। आपकी असफल गारंटियों के उलट दिल्ली की बेरोजगारी दर पिछले 5 सालों में लगभग 5 गुना बढ़ गई है !!

पंजाब कांग्रेस प्रमुख ने कटाक्ष करते हुए कहा कि दिल्ली शिक्षा मॉडल एक "अनुबंध मॉडल" है और आप सरकार के तहत, पिछले पांच वर्षों में दिल्ली में बेरोजगारी दर लगभग 5 गुना बढ़ी है। विरोध से तस्वीरें साझा करते हुए, नवजोत सिंह सिद्धू ने कहा कि दिल्ली में गेस्ट शिक्षकों को "बंधुआ मजदूर" माना जाता है।