हमलावारों का जल्द शिकार किया जायेगा, माफ नहीं करेंगे: राष्ट्रपति जो बाइडेन

जयपुर। अफगानिस्तान की राजधानी काबुल के हवाईअड्डे पर दो बम धमाके हुए जिसमें मरने वालों की संख्या बढ़ती जा रही है। तालीबान के अनुसार एयरपोर्ट पर 72 लोग मारे गये हैं। ज​बकि स्थानीय मीडिया का कहना है कि ब्लास्ट में अभी तक 90 लोग मारे जा चुके हैं। और 150 से अधिक घायल हैं। इस हमले के जिम्मेदारी इस्लामिक स्टेट ऑफ इराक एंड द लेवेंट ने ली है। हमलावरों ने तालिबान नियंत्रित अफगानिस्तान हामिद करजई अंतरराष्ट्रीय हवाई अड्डे के बाहर गुरुवार को इकट्ठा हुए लोगों की भीड़ पर हमला किया। विस्फोट भी कम से कम 13 अमेरिकी सैनिकों मारे गये हैं।

राष्ट्रपति बिडेन ने कहा माफ नहीं करेंगे।
इस हमले में 13 अमेरिकी सैनिक मारे गये हैं। राष्ट्रपति बिडेन ने कहा है कि हमलावारों का जल्द ही शिकार किया जायेगा। हम माफ नहीं करेंगे। उन्होंने कहा है कि काबुल के हवाई अड्डे के पास हमले से अमेरिकी नागरिकों और अफगान नागरिकों को अफगानिस्तान से निकालने के लिए संयुक्त राज्य के मिशन को नहीं रोका जाएगा। एक रिपोर्टर द्वारा यह पूछे जाने पर कि क्या वह गुरुवार को मारे गए अमेरिकी सेवा के सदस्यों की मौत के लिए कोई जिम्मेदारी लेते हैं, बिडेन ने कहा: "मैं उन सभी के लिए मौलिक रूप से जिम्मेदारी लेता हूं जो देर से हुआ है।" पूर्व रक्षा सचिव और सीआईए के निदेशक लियोन पैनेटा ने सीएनएन को बताया, "हमें शायद आईएसआईएस को निबटाने के लिए अफगानिस्तान वापस जाना होगा।

बता दें कि दो दिन पहले ही जी 7 के नेताओं को संबोधित करते हुए अमेरिका के राष्ट्रपति जो बाइडेन ने काबुल एयरपोर्ट पर संभावित आतंकी हमले का अलर्ट जारी किया था। आस्ट्रेलिया के प्रधानमंत्री ने भी इस संभावित हमले का अलर्ट जारी किया गया था।