Health Tips : चमत्कारी जड़ी बूटी है पिप्पली - आप भी जानिए इसके फायदे

Benefits Of Pippali: आयुर्वेदिक चिकित्सा में छोटी पीपल को पिप्पली के नाम से भी जाना जाता है। औषधि के अनुसार पिप्पली के कई फायदे होते हैं। इतना ही नहीं, इसे कई बार मसाले के रूप में भी इस्तेमाल किया गया है। यदि इसके आकार की बात करें तो यह लगभग शहतूत के फल वाले छोटे पीपल के समान होता है। छोटी पीपल के फलों का रंग गहरा हरा होता है और दिल के आकार की बड़ी पत्तियां मीठी बेलें होती हैं, जो पकने पर गहरे हरे और काले रंग की हो जाती हैं।

 
मोटापा से राहत
पिप्पली मोटापा कम करने में बहुत मददगार होता है। इसके लिए आपको रोजाना सुबह और शाम आधा ग्राम पिप्पली का चूर्ण और शहद मिलाकर खाना है। इसके अलावा छोटी पीपल के 1-2 बीज दूध में उबालकर पिप्पली निकालकर खा लें। दूध पीने से मोटापा भी कम होता है
 
छुआ-छूत के रोगों में
इसमें रोग प्रतिरोधक क्षमता बढ़ाने का गुण होने के कारण टी.बी. तथा अन्य संक्रामक रोगों में उपयोगी है। इसके अलावा एक छोटा सा पीपल कई आयुर्वेदिक और आधुनिक औषधियों के प्रभाव को बढ़ाने में मदद करता है। छोटी पीपल के कई फायदों में से एक यह है कि इसके 1-2 ग्राम चूर्ण में सेंधा नमक, हल्दी और सरसों का तेल मिलाकर दांतों में लगाने से दांतों का दर्द दूर हो जाता है।

दिल के मामलों में
हृदय रोग में भी छोटी पीपल के फायदे बताए गए हैं। इसका चूर्ण बनाकर शहद में मिलाकर सुबह के समय खाने से कोलेस्ट्रॉल नियंत्रित रहता है। इसके अलावा एक चम्मच पीपल और थोड़ी हरड़ को सुबह-शाम उबले हुए पानी में पीसकर पीने से पेट दर्द, अल्सर और दुर्गंधयुक्त दस्त में आराम मिलता है।

साँसों की बीमारी में
अगर आपको सांस लेने में तकलीफ है तो आप भी थोड़े से पीपल के फायदे से लाभ उठा सकते हैं। इसके लिए 2 ग्राम छोटी पीपल का चूर्ण बनाकर 4 कप पानी में उबालें। जब 2 कप रह जाए तो इसे छान लें। इसे दिन भर में 2-3 घंटे के बीच धीरे-धीरे पीने से कुछ ही दिनों में सांस फूलने की समस्या दूर हो जाएगी।

सरदर्द
इसे पानी में मिलाकर माथे पर लगाने से सिर दर्द में राहत मिलती है। इसके लिए थोड़ी सी पीपल और वच का चूर्ण बराबर मात्रा में मिला लें। फिर 3 ग्राम दिन में दो बार दूध या गर्म पानी से लेने से सिर दर्द कम हो जाता है। ऐसे में आप चाहें तो इसका इस्तेमाल सिर दर्द में कर सकते हैं।

वात से उत्पन्न रोगों में
इसके लिए आपको 5-6 पुराने पीपल के पेड़ की जड़ों को साफ करके उसका चूर्ण बना लेना है। आपको बता दें कि इस चूर्ण की 1-3 ग्राम मात्रा गर्म पानी या गर्म दूध के साथ लेने से शरीर के किसी भी हिस्से में दर्द 1-2 घंटे में कम हो जाता है। यह वृद्धावस्था में विशेष रूप से उपयोगी है

सर्दी जुकाम में
सर्दी-जुकाम में पीपल के फायदे पाने के लिए इसकी जड़, काली मिर्च और सोंठ बराबर मात्रा में लेकर 2 ग्राम शहद के साथ खाने से सर्दी में आराम मिलता है। इसके अलावा आधा चम्मच पीपल के चूर्ण में एक चुटकी सेंधा नमक भूना हुआ जीरा मिलाकर सुबह खाली पेट दूध के साथ लेने से भी बवासीर में लाभ होता है।