आखिर दोषी कौन - नगर निगम, बिजली विभाग या अतिक्रमणकारियों के हौसले बुलंद या बेचारी गरीबी

भरतपुर, नगर निगम वार्ड 43  शहर की मुख्य सड़क सर्कुलर रोड से मंगल सिंह नगर को जाती सड़क नाले की तंग पुलिया पर लगा बिजली विभाग का ट्रांसफार्मर के नीचे पिछले कई वर्ष से एक परिवार ने मुख्य रास्ते पर कब्जा कर झोंपड़ी डालकर अपना ऑटो भी खड़ा कर रखा है। हो सकता है परिवार में गरीबी की मजबूरी के कारण झोंपड़ी डाली हो लेकिन पास में खड़ा ऑटो भी उसी परिवार का है। पास में सड़क किनारे एक पक्का मकान भी है।

फिर क्या मजबूरी है जो जिंदगी से खिलवाड़ कर रहा है परिवार । ये मंगल सिंह नगर की मुख्य सड़क है जहां से सैकड़ों वाहन और राहगीर आते जाते है अतिक्रमण और तंग पुलिया और ऊबड़ खाबड़ सड़क और पास में पड़ी गंदगी से लोगों के जीना दुश्वार हो रहा है। वार्ड पार्षद दीपक मुदगल ने समाचार पत्रों के माध्यम से प्रशासन, नगर निगम एवम बिजली विभाग की लापरवाही और अनदेखी पर प्रश्नचिन्ह लगाते हुआ बताया कि   शहर की मुख्य सड़क के किनारे बसे इस परिवार को सुरक्षित बचाया जाए, यदि अतिक्रमण  है तो इसे तुरंत प्रभाव से हटाकर लोगों को राहत दी जाए।पार्षद ने कहा की ये  बिजली विभाग की लापरवाही का एक नमूना है ।

पूर्व में भी पास में लगे एक ट्रांसफार्मर से बड़े हादसे के बाद उसे हटाया गया था। शहर के नागरिकों की  जिम्मदारी लेने वाले नगर निगम की अनदेखी की ये तस्वीर है। पार्षद मुदगल ने कहा की सफाई की रैंकिग कैसे सुधरेगी एवम नगर निगम द्वारा सुंदर सड़कों का निर्माण सभी की कार्यशैली इस क्षेत्र के आस पास देखने को मिल जाएगी। पार्षद दीपक मुदगल ने बताया की वो पूर्व में अतिक्रमण,साफ सफाई,विरूपण एवम बिजली विभाग की अनेकों बार शिकायत कर चुके हैं लेकिन किसी बड़ा हादसा और नुकसान से पहले प्रशासन कभी हरकत में नही पाया गया ।