संवाददाता शिवकुमार शर्मा
कोटा |
संभागीय आयुक्त कैलाशचन्द मीणा ने कहा कि महिलाऐं कानूनी रूप से जागरूक होकर सशक्त बने ताकि समाज में अपने हक के लिए किसी पर निर्भर नहीं रहना पडे। उल्होंने आव्हान किया कि महिलाऐं शिक्षित एवं आर्थिक रूप से मजबूत होकर समाज एवं देश के निर्माण में सक्रिय भागीदारी निभाऐं।
संभागीय आयुक्त बुधवार को महिला अधिकारिता विभाग एवं एकल नारी संस्थान द्वारा सूचना केन्द्र के सभागार में आयोजित जिला स्तरीय बहिनादूज कार्यक्रम में आयोजित महिलाओं को सम्बोधित कर रहे थे। उन्होंने कहा कि महिलाओं को आज के दौर में कानूनी रूप से जागरूक होने की जरूरत हैं, महिलाऐं पुरूष से अधिक सशक्त हैं, समाज में महिलाओं को अपने अधिकार के लिए जागरूक होना होगा। उन्होंने कहा कि महिलाऐं स्वयं को अकेला ना समझें, सरकार द्वारा महिलाओं के लिए विभिन्न जनकल्याणकारी योजनाऐं संचालित की जा रही हैं, उनका लाभ ले तथा पात्र महिलाओें का भी दिलाऐं। सभी विभागों द्वारा समन्वय स्थापित कर महिलाओं को अधिक से अधिक लाभ पहुंचाने का प्रयास किये जा रहे हैं। महिलाऐं सशक्त होगी तभी समाज का वास्तविक रूप से विकास हो पायेगा। उन्होंने महिलाओं को बहिनादूज की बधाई देते हुऐ एकजुट रहकर समाज में समानता व बहिनचारा बढ़ाने व बेटी बचाओ बेटी पढ़ाओं का सामूहिक संकल्प दिलवाया।
उन्होंने कहा कि घरेलू हिंसा, उत्पीड़न जैसी कुरीतियों को मिटाने के लिए शिक्षित एवं आर्थिक रूप से मजबूत होकर हक के लिए सशक्त होना पड़ेगा। उन्होंने कहा कि महिलाओं को किसी भी क्षेत्र में समस्या आये तो तुरंत उसका समाधान के लिए संबंधित विभाग को सूचना देनी चाहिए। उन्होंने सभी विभाग के अधिकारियों को निर्देश दिए कि महिलाओं की समस्याऐं शीघ्रता से दूर कर सरकार की योजनाओं से लाभान्वित करें।उपनिदेशक महिला अधिकारिता विभाग मनोज मीणा ने कहा कि महिलाओं को आगे बढ़ने के लिए प्रेरित करना हैं तभी समाज के साथ-साथ देश की उन्नति हो सकेगी। उन्होंने कहा कि महिलाओं के लिए राज्य सरकार द्वारा चलाई जा रही मुख्यमंत्री कन्यादान योजना, एकलनारी सम्मान पेंशन योजना, पालनहार योजना, कालीबाई भील मेधावी छात्रा स्कूटी योजना एवं देवनारायण छात्रा स्कूटी योजनाओं से लाभान्वित किया जा रहा हैं। उन्होंने कहा कि महिलाओं एवं बालिकाओं को इंदिरा महिला शक्ति प्रशिक्षण व कौशल राजस्थान के आधार पर निःशुल्क आरएससीआईटी एवं आरएससीएफए कोर्स करवा रही हैं। सरकार द्वारा महिलाओं के उत्थान एवं आत्मनिर्भर बनने के लिए स्वरोजगार के लिए ऋण उपलब्ध करा रही हैं।
कार्यक्रम को राजस्व अपील प्राधिकारी भागवंती जेठवानी, मुख्य कार्यकारी अधिकारी जिला परिषद ममता तिवारी, उपनिदेशक स्थानीय निकाय दीप्ति मीणा, सहायक कलक्टर पार्थवी, स्काउट गाइड के यज्ञदत्त हाड़ा एवं एकल नारी शक्ति संस्थान की चन्द्रकला शर्मा ने भी संबाधित किया। इस अवसर पर बड़ी संख्या में जिले भर की एकल नारी संगठन से जुडी महिलाऐं कार्यक्रम में उपस्थित रही जिन्हें राज्य सरकार की योजनाओं की पुस्तिकाओं का निशुल्क वितरण किया गया। एकल महिलाओं ने प्रधानमंत्री के नाम अपनी समस्याओं का ज्ञापन भेजा जिसमे पेष्ंान बढाने, राषन का अनाज 5 किलो से 15 किलो प्रति व्यक्ति करने, एकल महिलाओं को आवास उपलब्ध करवाने व सलेण्डर के दाम कम करने से जुडी मांगे भेजी गई।