CM गहलोत ने बेरोजगारों की दी बडी राहत, जाती प्रमाण को लेकर अभ्यर्थी नौकरी से वंचित नहीं होंगे

जयपुर। राजस्थान के मुख्यमंत्री अशोक गहलोत में आज राजस्थान के बेरोजगारों को बडी राहत दी है। दरअसल जो अभ्यर्थी किन्हीं कारणों से आवेदन की अंतिम तिथि तक जारी जाती प्रमाण-पत्र (OBC/MBC/EWS) नहीं बनवा सके अब उन अभ्यर्थियों को बहार नहीं किया जायेगा। अभ्यर्थियों को अब नये प्रमाण पत्र के साथ एक शप​थ पत्र देना होगा।

सीएमओ राजस्थान ने ट्विट करके यह जानकारी दी है। ट्विट में लिखा, मुख्यमंत्री अशोक गहलोत ने ने रोजगार के लिए आशान्वित अभ्यर्थियों के लिए राहत प्रदान की है। अब ऐसे अभ्यर्थी जो किन्हीं कारणों से आवेदन की अंतिम तिथि तक जारी प्रमाण-पत्र (OBC/MBC/EWS) प्रस्तुत नहीं कर पाए उन्हें नौकरी से वंचित न किया जाकर एक शपथ-पत्र लिखवाया जाएगा।

वहीं, इस मामले में मुख्यमंत्री अशोक गहलोत ने ट्विट करते हुए कहा, राज्य सरकार द्वारा शिथिलन देते हुए निर्णय लिया गया है कि यदि अभ्यर्थी द्वारा अंतिम तिथि के पश्चात का प्रमाण-पत्र प्रस्तुत किया जाता है तो इस आशय का एक शपथ-पत्र लिखवाया जाएगा तथा उसे प्रक्रिया में शामिल किया जाएगा। इस निर्णय से इस वर्ष हुई विभिन्न भर्ती परीक्षाओं के अनेक अभ्यर्थी लाभान्वित होंगे। उल्लेखनीय है कि पूर्व में 20 जनवरी 2022 को जारी परिपत्र के अनुसार आरक्षित वर्ग के अभ्यर्थी के पास सक्षम प्राधिकारी द्वारा जारी प्रमाण-पत्र आवेदन भरने की अंतिम तिथि से पूर्व का होना आवश्यक था। इस परिपत्र की अनुपालना में पशुधन सहायक सीधी भर्ती परीक्षा-2021, कनिष्ठ अभियंता सीधी भर्ती परीक्षा-2022 एवं पटवार सीधी भर्ती परीक्षा-2021 की विज्ञप्ति 20 जनवरी 2022 से पूर्व जारी हो जाने से संशय स्थिति उत्पन्न हो रही थी।

रोजगार के लिए आशान्वित अभ्यर्थियों के लिए राहत प्रदान की है।अब ऐसे अभ्यर्थी जो किन्हीं कारणों से आवेदन की अंतिम तिथि तक जारी प्रमाण-पत्र (ओबीसी/एमबीसी/ईडब्ल्यूएस) प्रस्तुत नहीं कर पाए उन्हें नौकरी से वंचित न किया जाकर एक शपथ-पत्र लिखवाकर नौकरी प्राप्त करने का अवसर दिया जाएगा। इस संबंध में प्रस्ताव को मंजूरी दी गई है।