Dholpur News: नाबालिग का अपहरण कर दुष्कर्म व हत्या के मामले में आरोपी को पॉक्सो कोर्ट ने सुनाई 20 साल सश्रम कारावास की सजा

Dholpur: राजस्थान के धौलपुर जिले में एक विशेष POCSO अदालत ने एक बच्ची के साथ बलात्कार और हत्या के आरोपी को दोषी ठहराया। घोलपुर की पॉक्सो कोर्ट ने आरोपी को दुष्कर्म और हत्या के आरोप में 20 साल सश्रम कारावास की सजा सुनाई है। इतना ही नहीं, अदालत ने आरोपी पर 70 हजार रुपये का जुर्माना भी ठोका है.
 
दरअसल, यह मामला राजस्थान के धौलपुर जिले के बाड़ी कोतवाली थाने का है. 2014 में आरोपी ने 14 साल की बच्ची के साथ रेप किया और उसकी हत्या कर दी। आरोपी को विशेष POCSO अदालत ने दोषी ठहराया था। अदालत ने आरोपी को 20 साल कैद और 70 हजार रुपये जुर्माने की सजा सुनाई है।
 
इस घटना के बाद फरियादी ने कोतवाली थाना बाड़ी में तहरीर दी कि 25 अगस्त 2014 की रात 14 वर्षीय बेटी अपने परिजनों के साथ सोई थी. सुबह बच्ची घर पर नहीं मिली। बालिका की तलाशी लेने पर सरमातुरा रोड स्थित विद्युत डीपी के पास बालिका का शव मिला। मृतक के पास से एक मोबाइल फोन भी मिला है। इस रिपोर्ट साल 2014 में आरोपी ने 14 वर्षीय नाबालिक की रेप और उसके बाद हत्या की घटना को अंजाम दिया था. रिपोर्ट में पीड़ित ने बताया कि उसकी नाबालिग पुत्री की किसी ने ह्त्या कर शव को विद्युत डीपी में डाल दिया था. इस मामले में बाड़ी कोतवाली पुलिस ने मामला दर्ज कर जांच के दौरान रामनरेश को गिरफ्तार कर लिया है. गिरफ्तार लोगों की सूचना पर अन्य आरोपी दिग्विजय, बंटी उर्फ लोकेश, धर्मेंद्र उर्फ मंदिर और लवकुश को गिरफ्तार कर पॉक्सो कोर्ट में पेश किया गया. सभी आरोपी राजस्थान हाईकोर्ट से जमानत पर रिहा चल रहे हैं।
 
इस मामले में वकील संतोष मिश्रा ने कहा कि लवकुश, बंटी, दिग्विजय और धर्मेंद्र ट्रायल के दौरान भाग गए, लेकिन आरोपी रामनरेश मुकदमे के दौरान मौजूद रहे और 38 वकीलों ने गवाहों को अदालत में पेश किया. न्यायाधीश जमीर हुसैन ने गुरुवार को दलीलें सुनने के बाद आरोपी रामसेवक पुत्र रामनरेश को आईसीसी की धारा 363, 366, 376 के तहत दोषी करार दिया. इसके अलावा धारा 363 और 366 में 5-5 वर्ष का कारावास और दस-दस हजार रूपये का जुर्माना एवं पॉक्सो एक्ट की धारा 6 में 20 वर्ष के कठोर कारावास और पचास हजार रूपये के जुर्माना से कुल 70 हजार अर्थदंड सुनाया है.