Rajasthan Crime : बेखौफ चोरो ने दुकान में आराम से बैठकर की चोरी - हाथ में सरिया और डंडा लेकर दिखे 4 बदमाश

Raipur: बुधवार शाम को लुटेरों ने किराना दुकानों और खाली पड़े घरों को अपना निशाना बनाया। दुकान का ताला तोड़कर अंदर जाकर कैश निकाल लिया। दुकान के सामने रहने वाले लोगों ने लाइट जलाई तो लुटेरे फरार हो गए। इसके बाद उनका ध्यान एक खाली मकान पर गया। लेकिन वहां से कुछ भी हाथ नहीं लगा। सीसीटीवी फुटेज भी सामने आया है। जिसमें रात के अंधेरे में 4 बदमाश नजर आ रहे है।

मामला पाली के रायपुर थाना क्षेत्र का है। एएसआई कैलाश कुमार ने बताया कि कुशलपुरा निवासी गौतम पुत्र बाबूलाल की लीलांबा गांव में हाइवे पर एक सुविधा स्टोर है। बाद में रात में शोर सुनकर पड़ोसी नायब सरपंच अजयपाल सिंह लीलांबा ने अपने घर की लाइट जलाई।। जब वह बाहर आया तो देखा कि परदा टूटा हुआ है। साथ ही आसपास के लोगों को बुलाया। सेल्समैन को बुलाया तो वह चला गया। चोरी का पता तब चला जब सुबह दुकानदार दुकान खोलने आया। अंदर सारा सामान बिखरा पड़ा था और गल्ले में रखे 4 से 5 हजार रुपए चोरी थे। सूचना पर पुलिस मौके पर पहुंची। दुकान में लगे सीसीटीवी फुटेज को खंगाला।

एएसआई ने बताया कि गांव में ही सुरेश पुत्र शंकरलाल कुमावत के घर में डकैती का प्रयास किया गया था. वह अपने परिवार के साथ जोधपुर में रहते है लेकिन घर सूना पड़ा था। इस वजह से घर में कुछ भी नहीं है। सीसीटीवी में नकाबपोश लुटेरे हाथ में लोहे की रॉड और लाठी लिए नजर आ रहे हैं। दुकान में चोर घुसते नजर आ रहे हैं। चोर काउंटर पर कुर्सी पर बैठा हुआ है। और उसके पास तीन चोर खड़े थे। कुर्सी पर बैठा चोर गल्ले में रखे नोटों को जेब में डाल लेता है। घटना के दौरान लुटेरे इतने बेखौफ थे कि उन्होंने चिल्लर को अच्छी तरह गिना भी। चोर भी अंधेरे में सड़क पार करते नजर आए।

उप सरपंच अजयपाल सिंह लीलांबा ने कहा कि शहर में चोरी की घटनाएं बढ़ रही हैं। उन्होंने जल्द ही चोरों को नहीं पकड़ने पर आंदोलन की चेतावनी दी। 10 दिन पहले भी नकाबपोश अपराधी देखे गए थे। 19 नवंबर की रात रायपुर के एक खाली मकान से 5 से ज्यादा बेगुनाह लाखों रुपए की नकदी और कीमती सामान लेकर फरार हो गए। इस मामले में अब तक पुलिस आरोपियों को गिरफ्तार नहीं कर पाई है. गांव वालों ने बताया कि बदमाश पिछले 10 दिनों में दूसरी बार लाठियां एवं सरियों के साथ नजर आए हैं। बदमाश आराम से टोली बनाकर गांव में मुंह पर कपड़ा बांधकर लाठियां और सरिया लेकर घूमते हैं।