निराशा लेकर आई, मुस्कान लेकर लौटी रूक्मणी

संवाददाता शिवकुमार शर्मा
बूंदी |
तकरीबन 11 वर्षो से अपने पति से अलग रह रही रूक्मणी देवी अपनी पारिवारिक समस्या लेकर अपने बच्चों मीनाक्षी 14 वर्ष, अनमोल 11 वर्ष के साथ कैम्प स्थल पर पहुंची। तो उन्हें यकीन नहीं था कि यह शिविर इतना लाभदायक होगा। जब वह शिविर प्रभारी मुकेश चौधरी से मिली तो उन्होंने सामाजिक न्याय एवं अधिकारिता विभाग से बाबूलाल शर्मा को बुलाकर रूक्मणी देवी की हर तरह से सहायता करने का निर्देश दिया। त्वरित कार्यवाही करते हुए सर्वप्रथम परित्यक्ता प्रमाण पत्र बनवाया गया एवं पेंशन का आवेदन करवाकर पेंशन स्वीकृत करवाई गई। उसके बाद पालनहार योजना में आवेदन करवाकर हाथों-हाथ स्वीकृत भी करवाई गई। प्रार्थिया ने विभिन्न योजनाओं का एक साथ लाभ मिलने पर मुख्यमंत्री व प्रशासन को धन्यवाद दिया, वह बोली मेरा काम हुआ मैं बहुत खुश हूँ।