बैंसला के अस्थि विसर्जन कार्यक्रम में अशोक चांदना की तरफ फेंके जूते, सचिन पायलट जिंदाबाद के लगाये नारे

जयपुर। गुर्जर आरक्षण आंदोलन के संयोजक रहे स्व. श्री कर्नल किरोडी बैंसला की अस्थियों का आज शाम करीब चार बजे पुष्कर के 52 घाटों पर विसर्जन किया गया। अस्थि विसर्जन कार्यक्रम से पहले एमबीसी वर्ग की की जातियों की सभा हुई जिनमें गुर्जर, रेबारी, राइका, देवासी, गड़रिया, बंजारा, गाडरी, गायरी, गाडोलिया लुहार जातियों के लोग उपस्थित हुए। सभा में कई नेताओं को भी बुलाया गया था जिसमें खेल राज्य मंत्री अशोक चांदना, मंत्री शकुतंला रावत , लोकसभा स्पीकर ओम बिड़ला, भाजपा के प्रदेश अध्यक्ष सतीश पूनिया, उपनेता प्रतिपक्ष राजेन्द्र राठौड़, सीएम अशोक गहलोत के बेटे वैभव गहलोत सहित कई नेता पहुंचे।
सभा के दौरान जैसे ही अशोक चांदना भाषण देने के लिए मंच पर पहुंचे तो भीड ने उनकी तरफ जूते, बोतलें फेंककर विरोध किया। और सचिन पायलट जिंदाबाद के नारे लगने शुरू हो गये। चांदना से पहले उद्योग मंत्री शकुन्तला रावत भाषण देने आईं तो विरोध शुरू हो गया। उन्होंने करौली में कर्नल बैंसला के नाम पर कॉलेज खोलने की घोषणा की। समर्थकों ने उनको भाषण नहीं देने दिया। पायलट जिंदाबाद के नारे लगाए। फिर भी रावत ने भाषण दिया।

बताया जा रहा है कि कार्यक्रम में सचिन पायलट के नहीं पहुंचने पर नाराजगी जताई। भीड के हंगामे के बाद गुर्जर आरक्षण संघर्ष समिति के प्रदेशाध्यक्ष विजय बैंसला ने कहा के कुछ लोगों ने किया जो कि एक कोने में बैठे हुए थे। जिन्होंने जूते फेंकेए दो चार जूते हमारे पास हैं। आकर ले जाएं। उन्होने बताया कि सचिन पायलट को लेकर नाराजगी थी कि वे नहीं आ पाए। वे बिजी रहे होंगे। लोग नहीं समझ पाए। जिनको समझ में आईए वो चुप थे। कार्यक्रम में दोनों पार्टियों के लोग थे। कोई विवाद नहीं।