TONK: पूरे 3 साल भी नहीं चल पाया बनास नदी पर करोड़ खर्च करके बनाया गया रास्ता

जयपुर। राजस्थान को टोंक जिले के टोडारायसिंह से पांच किलोमीटर दूर रलावता गांव और से नूनपुरा गांव के में एक एक रास्ते को बनाया था। यह यह जिले में बह रही बनास नदी को आसानी से पार करने के लिए बनाया गया था। इस रास्ते को बने अभी पूरे 3 साल भी नहीं हुए की बांध अबकी बारिश में पूरी तरह बिखर गया। बनास नदी पर इस रास्ते को भाजपा के कार्यकाल में वर्ष 2019 के दौरान बनाया गया था। इसके निर्माण में करीब एक करोड़ रूपये की लागत आयी थी। इसे सरकार की लापरवाही कहें या भ्रष्टाचार में लिप्तता।

इस रास्ते के माध्यम से सवाईमाधोपुर इलाकों में रहने वाले लोग अजमेर ख्वाजा साहब, डिग्गी कल्याण जी के के लिए पद यात्रा पर आते जाते रहते हैं। यह रास्ता उनके लिए सुगम और सीधा पड़ता है। लेकिन अब अन यात्रियों को परेशानी का सामना करना पड़ रहा है। अब यह रपटा इतना खराब हो चुका है कि लोग अपनी जान हथेली पर रखकर इस रास्ते से गुजरते हैं। इस रास्ते के खराब हो जाने से हादसे की संभावना बनी रहती है।

आपपास के इलाकों में रहने वाले लोगों में इस बात को लेकर रोष व्याप्त भी है कि जिम्मेदार लोग इसकी सुनवाई नहीं कर रहे हैं। कुछ ग्रामीण इस रास्ते से अपना केकडी मंडी में कपास व भेड़ की ऊन विक्रय के लिए ले जात हैं। ऐसे में इन छोटे मोटे व्यापारियों को भी पेरशानी का सामना करना पड़ रहा है। आसपास के इलाके में रहने वाले अंसारी, विमल सैनी, बाबू खान, लादू माली, हंसराज गुर्जर, कालू भील आदि इस रास्ते को सही कराने की मांग सरकार से की है। लोगों ने यह भी बताया कि रास्ता खराब हो जाने के कारण अब उन्हें 20 किमी का फेर लगता है।