Suryanagari Express News : राजस्थान के पाली में पटरी से उतरे बांद्रा टर्मिनस-जोधपुर सूर्यनगरी एक्सप्रेस के 8 डब्बे, 14 ट्रेनों पर पड़ा असर; कोई हताहत नहीं

Pali Rail Accident: बांद्रा टर्मिनस-जोधपुर सूर्यनगरी एक्सप्रेस ट्रेन के 8 डिब्बे आज तड़के 3 बजकर 27 मिनट पर जोधपुर के राजकियावास-बोमदरा सेक्शन के बीच पटरी से उतर गए. फिलहाल इस घटना में किसी के मारे जाने की खबर नहीं है. उत्तर पश्चिम रेलवे के सीपीआरओ ने घटना की जानकारी देते हुए बताया कि रेलवे ने जोधपुर से आपात बचाव ट्रेन भेजी। उत्तर पश्चिम रेलवे के सीपीआरओ ने कहा कि अधिकारियों के जल्द पहुंचने की उम्मीद है। उत्तर पश्चिम रेलवे के महाप्रबंधक व अन्य अधिकारी जयपुर स्थित मुख्यालय कंट्रोल रूम से स्थिति पर नजर रखे हुए हैं.

बताया गया कि ट्रेन संख्या 12480, बांद्रा टर्मिनस-जोधपुर सूर्यनगरी एक्सप्रेस का कोच 8 आज तड़के 03:27 बजे जोधपुर सेक्शन के राजकियावास-बोमदारा के रेलखंड के मध्य डिरेल हो गए हैं। इस घटना में कोई हताहत या घायल नहीं हुआ। जोधपुर रेलवे ने एक आपातकालीन बचाव वाहन भेजा है और अधिकारी घटना स्थल के लिए रवाना हो गए हैं।
 
जोधपुर मंडल के राजकियावास-बोमदारा रेलखंड के बीच राजस्थान के पाली में बांद्रा टर्मिनस-जोधपुर सूर्यनगरी एक्सप्रेस के क्षतिग्रस्त होने के बाद इस मार्ग पर अफरातफरी मच गई. ट्रेन हादसे के बाद से इस मार्ग पर यातायात बुरी तरह प्रभावित हुआ है. घटना के बाद उत्तर पश्चिम रेलवे ने दो ट्रेनों को रद्द कर दिया। हालांकि एक दर्जन से अधिक ट्रेनें प्रभावित हुई हैं या उनके रूट बदले गए हैं। हादसे की चपेट में अब तक कुल 14 ट्रेनें आ चुकी हैं।
 
राजस्थान में हुए इस ट्रेन हादसे से हजारों यात्रियों को परेशानी होगी. कुछ यात्रियों ने यात्रा रद्द कर दी, जबकि जो लोग घर पर नहीं थे, उन्हें रूट बदलने के कारण रास्ते में कई समस्याओं का सामना करना पड़ा।
 
आपको बता दें कि राजस्थान के पाली में बांद्रा टर्मिनस-जोधपुर सूर्यनगरी एक्सप्रेस के पटरी से उतर जाने से किसी तरह के जान-माल का नुकसान नहीं हुआ है. उत्तर पश्चिम रेलवे के सीपीआरओ ने कहा कि 11 बोगियां पटरी से उतर गईं और वहां राहत एवं बचाव कार्य जारी है. ट्रेन में सवार एक यात्री ने न्यूज को बताया कि ट्रेन के मारवाड़ जंक्शन से रवाना होने के पांच मिनट बाद ही ट्रेन के अंदर हंगामा होने लगा। करीब दो से तीन मिनट के बाद ट्रेन रुक गई। करीब दो से तीन मिनट बाद गाड़ी रुक गई. हम नीचे उतरे तो देखा कि स्लीपर कोच की बोगियां बेपटरी हो गई हैं. घटना के 15 से 20 मिनट के भीतर एंबुलेंस पहुंच गई.