चवरा-किशोरपुरा मोरिंडा धाम पंचमुखी बालाजी मंदिर में चल रही भागवत कथा में सुखदेव पूजन, वामन अवतार, छप्पन भोग, ध्रुव चरित्र आदि कथाओं का वर्णन किया

संवाददाता सुमेर सिंह राव

उदयपुरवाटी / बाघोली

कथा सुनने से मिलती है आत्मा में शांति - वीरेंद्र दास महाराज

चंवरा-किशोरपुरा सीमा पर मोरिंडा धाम के पंचमुखी हनुमान मंदिर में गंगा दशहरे मेले पर चल रही भागवत कथा के तीसरे दिन शनिवार को कथावाचक महाराज वीरेंद्र दास ने बताया कि मनुष्य को धार्मिक कार्यक्रम में शामिल होकर कथा सुननी चाहिए जिससे आत्मा में शांति मिलती है। मनुष्य को माता पिता के साथ गौ माता की सेवा भी करनी चाहिए। कथा में सुखदेव पूजन, वामन अवतार, छप्पन भोग, ध्रुव चरित्र का वर्णन किया गया। कथा में भगवान की विभिन्न प्रकार की झांकियां सजाई गई। संगीतमय भजनों में महिलाए उत्साहित नजर आई। कथा समापन पर महाआरती के बाद प्रसाद वितरण किया गया। इस दौरान सुरेश मीणा किशोरपुरा, नत्थू राम सैनी,रामनिवास सैनी ,जगदीश प्रसाद, शीशराम रावत, सांवरमल सैनी, पंकज मीणा, हनुमान गुर्जर, उमराव सैनी, गजराज सिंह, गिरधारी लाल सैनी, इंदर सिंह ,मूलचंद, छाजू राम सैनी, शिबू दयाल सैनी सहित सैकड़ों श्रद्धालु मौजूद थे।