जिला प्रशासन बना नेताओं के हाथों की कठपुतली - गोपाल माहेश्वरी
गौ सेवकों की सुध नहीं धरना 8 दिन से लगातार जारी
ब्यूरो चीफ शिवकुमार शर्मा
बूंदी कोटा संभाग
बूंदी 29 नवंबर,
राज्य सरकार की योजना अनुसार नंदीशाला जन सहभागिता योजना में नंदीगौवंशों हेतु भूमि आवंटन कर नन्दीशाला निर्माण की मांग को लेकर हायर सेकेंडरी स्कूल के बाहर अनिश्चितकालीन धरना 8 दिन से जारी है
संस्थान के सचिव गोपाल माहेश्वरी ने बताया कि हमारे द्वारा बूंदी शहर व ग्रामीण क्षेत्र के बेसहारा गोवंशों हेतु नंदी गौशाला खोले जाने के संदर्भ में प्रार्थना पत्र देकर कई बार प्रशासनिक अधिकारीयों से मिल चुके हैं जिस पर अधिकारीयों ने सिर्फ आश्वासन दिए है पर किसी प्रकार की कोई कार्यवाही नहीं की गई जिसका खामियाजा गौमाता के साथ आम जनता को भुगतना पड़ रहा है ऐसे में गौ भक्तों को धरना देने पर विवश होना पड़ रहा है परंतु धरने के बावजूद भी निष्ठुर जिला प्रशासन मुंह छुपा कर धरने के सामने से निकल जाता है प्रशासन के ऐसे रवैया से लगता है कि यहां प्रशासनिक अधिकारी बूंदी जिले के भ्रष्ट नेताओं के दबाव में है और यहाँ के भ्रष्ट नेता अपने प्रभाव का गलत फायदा उठा रहे हैं जिससें जिला प्रशासन उनके इशारों पर नाचता नजर आता है.
..गौमाता के लिए भी साथ नहीं आ पाए हिन्दू संगठन खेद का विषय
गौपाल माहेश्वरी ने कहाँ बडे़ खेद का विषय है हिंदू संगठन और उनके पदाधिकारी पर जो खुद को धर्म रक्षक कहते हैं साथ होकर रेलिया शोभायात्रा निकालते है परंतु सनातनधर्म पूज्या गौ माता के हित में वह एक साथ नहीं आ पाते अगर हिंदू संगठन एक साथ आकर गौ माता के हक की आवाज उठाएं तो प्रशासन क्या सरकार के मंत्री भी गौमाता के कदमों में झुक कर गौमाता के हित में काम करेगें, गौ माता का सड़क दुर्घटनाओं में अकाल मौत होना, गौमाता का अनादरित होकर दर दर भटकना अधर्म है ऐसे में गौमाता के हक हित के लिए हमारा एक साथ आवाज उठाना अतिआवश्यक है.
इस दौरान अध्यक्ष प्रहलाद मीणा, गौपाल माहेश्वरी , रामबाबू श्रृंगी, भवानीशंकर, लोकतंत्र गुर्जर, राधे जांगिड, वैभव मित्तल,ओम मेघवाल एड., पुरुषोत्तम श्रृंगी, गिरिराज गुर्जर, लक्ष्मी नारायण श्रृंगी, बलराम मीणा, निरंजन मीणा, संत भगवानदास, पुरुषोत्तम, राजेश खोईवॉल ,मनोज प्रजापत, सुरेश प्रजापत, योग्यश मेहरा, शिव शर्मा, दीपचंद मीणा, अभिमांशु सिह, सुरज गुर्जर, रमेश चन्द्र सैनी, बाबुलाल पंचोली, विक्रम बंजारा, शिवम् शर्मा आदि गौ सेवकों आदि ने अपना समर्थन दिया