राष्ट्रीय बालिका दिवस पर जिला कलक्टर ने किया छात्राओं से संवाद

-लक्ष्य का तय होना ही आधी जंग को जीतने के समान होता है-जिला कलक्टर


कोटा 24 जनवरी। राष्ट्रीय बालिका दिवस पर जिला स्तरीय समारोह बुधवार को गुमानपुरा मल्टीपरपज स्कूल में आयोजित किया गया। कार्यक्रम में जिला कलक्टर डॉ रविंद्र गोस्वामी मुख्य अतिथि एवं अतिरिक्त जिला न्यायाधीश व जिला विधिक सेवा प्राधिकरण सचिव प्रवीण वर्मा विशिष्ट अतिथि रहे। जिला कलक्टर ने कार्यक्रम में छात्राओं से संवाद किया एवं उनके प्रश्नों के उत्तर विस्तार पूर्वक दिए। प्रश्नों में बालिकाओं ने यूपीएससी की तैयारी कैसे की जाए? क्या कोचिंग आवश्यक है? पढ़ने की सही विधि से संबंधित प्रश्न किये।

कलक्टर ने बालिकाओं के प्रश्नों की सराहना करते हुए कहा कि लक्ष्य का तय होना ही आधी जंग को जीतने के समान होता है। साथ ही उन्होंने बताया सफलता का कोई भी शॉर्टकट नहीं होता। उन्होंने कहा जीवन में कामयाबी के लिए शिक्षा अत्यंत आवश्यक है। कोचिंग की आवश्यकता एवं पढने के समय के प्रश्न पर उन्होंने कहा कि यह छात्र पर निर्भर करता है कि उसको लक्ष्य प्राप्ति के लिए कौन सा तरीका उचित लगता है। उन्होंने बताया की यूपीएससी की परीक्षा के लिए उन्होंने स्वयं कोई कोचिंग नहीं ली थी। सेल्फ स्टडी से ही उन्होंने इस परीक्षा को पास किया। उन्होंने कहा छात्रों को नियमित समाचार पत्र पढ़ने चाहिए, डीडी न्यूज़ पर समसामयिक घटनाओं से जुड़े कार्यक्रम देखना चाहिए जिससे बौद्धिक स्तर में बढ़ोतरी होगी। उन्होंने कहा पढ़ाई के लिए सोशल मीडिया से दूरी बनाना भी अत्यंत आवश्यक है जिसके लिए उन्होंने डिजिटल डिटॉक्स की विधि के बारे में भी बताया कि दिन में कुछ घंटे निश्चित करके सोशल मीडिया से दूर रहने का संकल्प लेना चाहिए।

एक छात्रा ने प्रश्न किया कि कौन सा पेशा सबसे अच्छा है तो उन्होंने प्रश्न की सराहना करते हुए बताया कि समाज के विकास के लिए हर पेशा एवं व्यवसाय अति आवश्यक है जिस तरह से शरीर का हर अंग का अपना महत्व होता है उसी तरह से हर पेशे एवं व्यवसाय का अपना महत्व है और सब की समग्रता से ही एक स्वस्थ समाज एवं प्रशासन का निर्माण होता है। उन्होंने छात्राओं से कहा कि सरकार के विभिन्न योजनाओं को धरातल पर लाने में भी वह सराहनीय भूमिका निभा सकती हैं। उन्होंने कहा की छात्राओं को सरकारी योजनाओं का प्रचार प्रसार हर सामाजिक समारोह में जिम्मेदारी से करना चाहिए साथ ही देश के प्रति अपनी जिम्मेदारियां को वहन करके देश के विकास में अपना योगदान प्रभावी रूप से देना चाहिए चाहे वह अपने आसपास के वातावरण को स्वच्छ रखना हो एवं ईमानदारी से पढ़ना हो।

कार्यक्रम में जिला विधिक सेवा प्राधिकरण के सचिव प्रवीण वर्मा ने बालिकाओं को वर्तमान समय में उनके समक्ष अवसर एवं अधिकारों की जानकारी विस्तार से दी। सामाजिक न्याय एवं अधिकारिता विभाग के उपनिदेशक ओपी तोषनीवाल ने छात्राओं को हर क्षेत्र में उत्कृष्ट प्रदर्शन के लिए शुभकामनाएं दी एवं उन्होंने हर क्षेत्र में आगे बढ़ाने के लिए छात्राओं को प्रोत्साहित भी किया। महिला एवं बाल विकास विभाग के उपनिदेशक मनोज कुमार मीणा ने बालिकाओं को देश का भविष्य बताते हुए कहा की एक स्वस्थ राष्ट्र के निर्माण के लिए बालिकाओं का स्वस्थ रहना एवं शिक्षा ग्रहण करना अत्यंत आवश्यक है। जिला शिक्षा अधिकारी के के शर्मा ने छात्राओं को उत्कृष्ट प्रदर्शन के लिए शुभकामनाएं देते हुए कहा कि उनके प्रदर्शन ने जिले एवं राज्य का नाम रोशन किया है। चाइल्ड लाइन से यज्ञदत्त हाडा द्वारा देश में लिंग अनुपात में हुए सुधार, बालिकाओं के लिए सरकार के विभिन्न योजनाओं की जानकारी विस्तार से दी गई।

शिक्षा में उत्कृष्ट प्रदर्शन करने वाली छात्राओं को सम्मानित भी किया गया। महिला एवं बाल विकास विभाग द्वारा छात्रावास में रहने वाली छात्राओं को स्वेटर भी वितरित किए गए।   कार्यक्रम में मल्टीपरपज गुमानपुरा स्कूल के प्रधानाचार्य राहुल शर्मा एवं एडीईओ राजेश मीणा, अध्यापक, विद्यालय कार्मिक सहित छात्रायें उपस्थित रहीं।