मानव श्रृंखला बनाकर किया  नुक्कड़  नाटक का मंचन व पोस्टर  से  दिया तम्बाकू निषेध का संदेश

संवाददाता शिवकुमार शर्मा
बूंदी राजस्थान

तंबाकू के प्रति व्यापक जनचेतना जागृति हेतु हुए विविध आयोजन 

मानव श्रृंखला बनाकर किया  नुक्कड़  नाटक का मंचन व पोस्टर  से  दिया तम्बाकू निषेध का संदेश

तंबाकू निषेध दिवस पर जिलेभर में लेंगे शपथ

बून्दी 30 मई

भारत स्काउट गाइड द्वारा आयोजित ग्रीष्मकालीन अभिरुचि प्रशिक्षण शिविर के संभागियों द्वारा सोमवार तम्बाकू के विरुद्ध मानव श्रृंखला बनाकर व नुक्कड़ नाटक मंचन द्वारा जनचेतना जागृत की गई वहीं पोस्टर प्रतियोगिता के द्वारा गहरे रंगों से व्यापक जनचेतना जागृत की गई।

शिविर संचालक बुद्धिप्रकाश पुंडीर ने बताया कि समन्वयक सर्वेश तिवारी के निदेशन में संभागियों ने तंबाकू के खतरों से आमजन को आगाह करने के उद्देश्य से पेच ग्राउंड, नैनवां रोड व  बहादुर सिंह सर्किल पर पर गतिशील मानव श्रृंखला बनाई। इससे पूर्व संभागियों ने "तम्बाकू को ना कहे- जीवन को हां कहे" जैसे जनचेतना नारों के साथ ट्रेनर दीपिका पाराशर व गाइड कैप्टेन उमेहबीबा के नेतृत्व में शिविर केंद्र से आसपास के परिसर में  पैदल मार्च किया। ग्रुप लीडर अल्का जैन, चंचल सुमन, हार्दिक पांचाल के दल ने लंबी मानव श्रृंखला का निर्माण किया, हाथों में तम्बाकू के विरुद्ध जनचेतना सामग्री लेकर चलते हुए संभागियों ने नागरिकों को तम्बाकू दुर्व्यसन के प्रति जागरूक किया। इस अवसर पर ट्रेनिंग काउंसलर रामलाल मेघवाल, बृजेश कुमार , रामरतन मीणा, शम्भू दयाल शर्मा, प्राची शर्मा, नैना सैनी उपस्थित रहें। इसी क्रम में सर्वेश तिवारी द्वारा रचित व निर्देशित नाटक  "तम्बाकू महाराज का बढ़ता खतरा" का मंचन भी किया गया। नाटक के माध्यम से रुझुला, अक्षत मंडोवरा, लक्ष्यदीप कौर, लक्षिता गौतम आदि ने तम्बाकू के साथी बीड़ी, सिगरेट, लाल मंजन, गुटखा, पान मसाला, अविजित पुत्र कैंसर , अस्थमा आदि भूमिकाओं के भयावहता के मंचन  द्वारा तम्बाकू के बढ़ते काले साये को चित्रित किया।

 

तम्बाकू निषेध पर आयोजित पोस्टर प्रतियोगिता में जूनियर वर्ग में सृष्टि जैन  पर्यावरण व मानव स्वास्थ्य पर पड़ने वाले धूम्रपान के घातक प्रभावों को चित्रित कर अव्वल रहीं तथा वंशिका कवर ने दूसरा स्थान प्राप्त किया। वही प्रतियोगिता के वरिष्ठ वर्ग में तंबाकू के सेवन काले पडते व जलते फेफड़े बढता  कैंसर के साथ समूल पृथ्वी को तंबाकू मुक्त करने की थीम के द्वारा  खुशी कुमारी विजेता व मोना नायक उपविजेता रही। निर्णायक के रूप में व्याख्याता बृजेश कुमार ट्रेनिंग काउंसलर प्रमोद श्रृंगी व संस्था प्रधान हेमराज ओड़ ने भूमिका निभाई।शिविर संचालक बुद्धि प्रकाश पुंडीर व समन्वयक सर्वेश तिवारी ने आभार प्रकट किया।