कोटा ( शिवकुमार शर्मा )स्वायत्त शासन एवं नगरीय विकास मंत्री शांति धारीवाल ने शनिवार को टैगोर सभागार के ऊपर की ओर बनाये गये नवनिर्मित सभागार का पट्टिका का अनावरण कर लोकार्पण किया। इस अवसर पर कोटा उत्तर महापौर मंजू मेहरा, दक्षिण राजीव अग्रवाल, जिला कलक्टर उज्जवल राठौड़, पूर्व यूआईटी अध्यक्ष रविन्द्र त्यागी, डॉ जफर मोहम्मद सहित बडी संख्या गणमान्य नागरिक उपस्थित रहे।
नवनिर्मित सभागार के लोकार्पण के पश्चात विभिन्न विभागों की समीक्षा बैठक स्वायत्त शासन मंत्री की अध्यक्षता में आयोजित की गई। स्वायत्त शासन मंत्री ने कहा कि अब इस नये सभागार के निर्माण होने से प्रशासनिक बैठक, कार्यक्रम एवं कार्यशालाआंें के आयोजन करने में आसानी रहेगी। उन्होंने कहा कि बरसों से सिर्फ टैगोर हॉल एक मात्र सभागार ऐसा था जहा बैठक एवं कार्यक्रम हुआ करते थे। अब इस नये सभागार के निर्माण होने से एक समय एक से ज्यादा कार्यक्रम स्थानीय कलेक्ट्रेट परिसर में हो सकेंगे। उन्होने कहा कि सीमित जगह का बेहतर सदुपयोग कर इस सभागार का निर्माण किया गया है इसके लिए निर्माण करने वाले तकनीकी इंजीनियरों और उनकी पूरी टीम को बधाई दी। इस अवसर पर तकनीकी इंजीनियरों एवं सचिव यूआईटी राजेश जोशी को साफा व माला पहनाकर बधाई और शुभकामनाऐं दी।
सभागार में आयोजित समीक्षा बैठक में स्वायत्त शासन मंत्री ने कहा कि विगत दिनों की हुई अतिवृष्टि से शहरों के साथ साथ गांवों में भी नुकसान हुआ हैं। उन्होंने के शहर में जहां जलभराव अत्यधिक होता हैं और वहां नाले नहीं बने हुए है तो ऐसे प्रस्वात शीघ्र तैयार करते समय नालों के सुव्यवस्थित ढलान को ध्यान में रखते हुए तैयार कराये जिससे आने वाले समय में शहर में जलभराव भी स्थिति उत्पन्न न हो। उन्होंने कहा कि इसी प्रकार ग्रामीण अंचल में अतिवृष्टि से अत्यधिक नुकसान हुआ हैं। इस अतिवृष्टि से ग्रामीणों के मकान, खेत-खलियान, इत्यादि क्षतिग्रस्त हुए उन सभी सर्वे में विस्तृत रूप तैयार कराये जायें जिससे ग्रामीणों सर्वे के आधार पर अधिक से अधिक मुआवजा राशि प्रदान कर राहत पहुंचाई जा सकंे। उन्होंने कहा कि ग्रामीण स्तर के पटवारी के साथ साथ अन्य अधिकारी जो सर्वे एवं गिरदावरी की रिपोर्ट तैयार कर प्रस्तावों को जिला स्तर पर भिजवायेगे निर्देश प्रदान किये जाये कि वे पूरी पारदर्शिता के साथ प्रत्येक ग्रामीण के हुए नुकसान को शामिल करें। उन्होंने कहा कि मुआवजा राशि दिये जाने उपरांत यह नहीं हो कि कोई भी ग्रामीण वंचित रह जाये यह सुनिश्चित किया जाये। उन्होंने कहा कि यदि कोई इस लापरवाही बरते हुए पाये जाये उसके खिलाफ तुरंत कार्यवाही अमल में लाई जाये। स्वायत्त शासन मंत्री ने कहा कि इस विकट परिस्थिति में हम सभी को मिलकर ग्रामीण की सर्वे के काम को सेवा के कार्य के रूप में हाथ में लेकर हर ग्रामीण तक सहायता राशि पंहुचाना है। उन्होंने कहा कि ग्रामीण मदद कर सेवा के संकल्प को पूरा करना ही हमारा ध्येय होना चाहिए। उन्होंने कहा कि सर्वे व गिरदावरी रिपोर्ट में दिल खोलकर प्रस्ताव तैयार कराये जिससे अधिक से अधिक ग्रामीणों को मुआवजा राशि प्रदान की जा सके। जिला उज्जवल राठौड ने पीपीटी के माध्यम से ग्रामीण में अतिवृष्टि से हुए नुकसान के बारे में विस्तार से जानकारी प्रदान की । इस अवसर पर अतिरिक्त जिला कलक्टर प्रशासन राजकुमार सिंह, सिलिंग सत्यनारायण आमेठा, सीईओ जिला परिषद ममता तिवारी, एसीईओ जिला परिषद प्रतिभा देवठिया, सीएमएचओ डॉ भूपेन्द्र सिंह तंवर, उप निदेशक सामाजिक न्याय एवं अधिकारिता ओमप्रकाश तोषनीवाल सहित विभिन्न विभागों के अधिकारी उपस्थित रहे।
मेरा सपना कोटा में बने मिनी सचिवालय
बैठक में स्वायत्त शासन एवं नगरीय विकास मंत्री ने कहा कि कोटा आने वाले समय में मेट्रो सिटी के साथ साथ स्मार्ट सिटी बनने जा रहा हैं। उन्होंने कहा कि मेरा सपना हैं कि पुराने एयरपोर्ट की जमीन पर कोटा में झालावाड व बारां की तर्ज पर एक मिनी सचिवालय बनाये जाये जहां कोर्ट के साथ -साथ विभिन्न विभागो के कार्यालय होने से एक परिसर में स्थानीय नागरिकों अपने कार्यो को लेकर ज्यादा दूरी तय नहीं करनी पडेगी और इसका लाभ शहर जनता की मिलेगा। उन्होंने कहा कि मेरा सपना है कि सभी के सहयोग से इसे पूरा करने का प्रयास किया जायेगा।