Kota: सरकारी महकमों के करोड़ों रुपये के बिल बकाया जिसकी वसूली आम जन से कर रही सरकार:- संदीप शर्मा
ब्यूरो चीफ शिवकुमार शर्मा
कोटा राजस्थान
विधायक संदीप शर्मा का अतारांकित प्रश्न का जवाब। कोटा 13 मार्च। आज राजस्थान विधानसभा में विधायक संदीप शर्मा ने प्रदेश में संचालित केन्द्र व राज्य सरकार के कई विभागों एवं उपक्रमों में विधुत बिल बकाया का मामला सदन में उठाया। इस पर मंत्री ने बताया कि प्रदेश में संचालित केन्द्र व राज्य सरकार के कई विभागों एवं उपक्रमों में विधुत बिल बकाया है। राज्य की तीनों विधुत वितरण निगमों की केन्द्र व राज्य के अधीन राजकीय विभागों के विरुद्ध विघुत बिलों की माह जनवरी 2023 तक की राशि बकाया है। जिसमें अजमेर विधुत वितरण निगम लि. 320.86 करोड, जयपुर विधुत वितरण निगम लि. 1004.65 करोड़, जोधपुर विधुत वितरण निगम लि. 621.90 करोड़ रुपये की राशि बकाया है। उक्त बकाया राशि की वसूली हेतु विद्युत वितरण निगम द्वारा निरंतर प्रयास किये जा रहे हैं। वित्त विभाग, राजस्थान सरकार के परिपत्र 5219-418 दिनांक 15.06.2022 की अनुपालना में दिनांक 15.6.2022 से आई एफ एम एस राज पेमैनेजर से बिलिंग सिस्टम का ए.पी. आई इन्टीमेशन किया गया है, जिसके अंतर्गत विद्युत बिलों का आई एफ एम ए के माध्यम से स्वचालित रूप से रामबद्ध भुगतान हेतु व्यवस्था प्रारम्भ की गई है, जिसके तहत विद्युत बिल सम्बन्धित विभागों को आई एफ एम एस के माध्यम से जनरेट होते ही ऑनलाईन स्वतः भुगतान हेतु प्रेषित कर दिये जाते।
विधायक ने कहा कि प्रदेश में संचालित सरकारी महकमों से बिजली बिल का भुगतान वसूल नहीं पा रही है। जिसके कारण ये विधुत वितरण कंपनियां लगातार घाटे में जा रही है। जिसके परिणाम स्वरूप घाटें का नुकसान प्रदेश की भोली भाली जनता पर पड़ रहा है। कंपनियों द्वारा प्रदेश की जनता को बलपूर्वक परेशान कर लोगों के बिजली के बकाया बिलों की वसूली का कार्य कर रही है। कोटा में निजी बिजली कम्पनी द्वारा जबरन लोगों की वी.सी.आर. बना कर कई गुना राशि वसूलने का कार्य कर रहा है। कोटा में कई धार्मिक स्थलों, मंदिरों व सार्वजनिक स्थानों पर जबरन लाईट काट कर, मीटर लगाने पर जोर दिया जा रहा है। कोटा में आये तेज आंधी में विधुत वितरण व्यवस्था तंत्र चरमरा जाता है, लोग बार बार शिकायत करने के बाद भी विधुत व्यवस्था ठीक नहीं हो पाती। जिससे लोग रात रात भर जाग कर बिजली बंद होने से परेशानियों का सामना करते है।
विधायक ने मंत्री से मांग की इन सरकारी उपक्रमों के बकाया बिलों की वसूली शीघ्र हो ताकि इसका खामियाजा प्रदेश की जनता को नहीं भुगतना पडें। साथ ही कोटा में भी बिजली वितरण तंत्र को भी सुधारने की आवश्यकता है।