भगेगा धाम आश्रम पर रामधुनी कार्यक्रम में उमड़ा श्रद्धा का सैलाब
सत्य से श्रेष्ठ अन्य कोई धर्म नहीं है ………..तुलसीदास जी महाराज
संतों की तपोस्थली है भगेगा धाम आश्रम
आत्मा के अनुकूल आचरण ही धर्म है…….. मदन लाल भावरिया
सुमेर सिंह राव
उदयपुरवाटी l
सीकर जिले के नीमकाथाना के पास अरावली की वादियों में स्थित संत गोपालदास भगेगा धाम आश्रम पर सावन मास के महीने में हर साल की भांति इस साल भी संतो के द्वारा रामधुनी कार्यक्रम चल रहा है l आश्रम के संत एवं गोपाल दास जी महाराज के उत्तराधिकारी तुलसीदास जी महाराज ने संवाददाता को जानकारी देते हुए बताया कि आश्रम पर सावन मास के महीने में पिछले 18 साल से रामधुनी कार्यक्रम चल रहा है l जिसमें आसपास के लोग भाग ले रहे हैं l 1994 में पचलंगी में श्रीराम महायज्ञ संत गोपाल दास जी महाराज ने अग्नि प्रज्वलित कर प्रारंभ किया था जिसकी अध्यक्षता मदन लाल भावरिया ने की और संत गोपाल दास जी के आशीर्वाद से ही आज तक भावरिया 21 यज्ञो की अध्यक्षता कर चुके हैं lराष्ट्रीय सामाजिक जन चेतना मंच के अध्यक्ष मदन लाल भावरिया ने संत गोपाल दास जी महाराज की जीवनी के बारे में बताया कि यहां बहुत ही सिद्ध संत गोपाल दास जी महाराज झडाया धाम आश्रम से 1950 में अरावली की वादियों में भागेगा धाम आश्रम पर आए व यहां एक पेड़ के नीचे बैठकर भजन भाव व तपस्या करने में लग गए l इनके आशीर्वाद एवं प्रताप से आज आश्रम पर काफी दूर-दराज से श्रद्धालु आकर संत की समाधि पर मत्था टेक कर मन्नत मांगते हैं l भावरिया ने बताया कि 4 जून 1984 को मातेश्वरी धाम पचलंगी शक्तिपीठ का अनावरण भी भागेगा धाम के सिद्ध संत गोपाल दास जी महाराज के कर कमलों से ही किया गया था l गोपाल दास जी महाराज के सानिध्य में ही श्री राम यज्ञ की अग्नि प्रज्वलित की गई थी जिसकी अध्यक्षता मदन लाल भावरिया ने की थी lबाबा के भक्त डॉ राम अवतार गजराज बताते हैं इस रमणीय स्थान पर लोग काफी दूरदराज से आते हैं जो स्वर्गीय संत गोपाल दास जी महाराज का एक बहुत बड़ा प्रताप माना जा रहा है l
इस दौरान महेंद्र तेतरवाल, भवानी सिंह कुड़ी, डॉ रामावतार गजराज, डॉक्टर केके यादव सहित कई लोग मौजूद रहे l