बूंदी,19 मार्च। शांति एवं अहिंसा विभाग की ओर से रविवार को रणजीत टाॅकिज में दो दिवसीय जिला स्तरीय गांधी दर्शन प्रशिक्षण शिविर का शुभारंभ हुआ। इसमें वक्ताओं ने गांधी दर्शन पर आधारित व्याख्यान दिए।
प्रशिक्षण शिविर को सम्बोधित करते हुए बनारस हिंदू विश्वविद्यालय के प्रोफेसर सतीश राव ने कहा कि नई पीढ़ी महात्मा गांधी स्वतंत्रता सैनानियों सहित सभी महापुरुषों के नियमों, विचारों को अपनाकर समाज सकारात्मक दिशा देने में अपनी भूमिका निभाएं। हम सभी का नैतिक दायित्व है कियुवा पीढ़ी को गांधीजी के आदर्शों, पदचिन्हों पर चलते हुए प्राणियों के प्रति सेवा भाव रखने के लिए प्रेरित करें। उन्होंने कहा कि शराब के विरुद्ध सत्याग्रह करें। साथ ही नशा त्यागने के लिए लोगों को प्रेरित कर संकल्प दिलवाया जाए।
प्रोफेसर राव ने गांधी जी के समूचे जीवन पर प्रकाश डाला और उनके जीवन की विभिन्न घटनाओं का उल्लेख करते हुए उनसे प्रेरणा लेने की बात कही। उन्होंने चंपारण सत्याग्रह, अफ्रीका में गांधी को रेल से जाने की घटना और उस घटना से उनके जीवन में परिवर्तन, असहयोग आंदोलन, भारत छोड़ो आंदोलन के हिस्से आदि पर विस्तार से प्रकाश डाला।
कार्यक्रम में गांधी जीवन दर्शन समिति के जिला संयोजक राजकुमार माथुर ने कहा कि महात्मा गांधी ने कहा कि गांधी जी ने सर्वसमाज को साथ लेकर न सिर्फ देश को आजाद करवाकर एक सूत्र में पिरोने का अतुलनीय कार्य किया। साथ ही सामाजिक कुरीतियों, छुआछूत को दूर करते हुए देश में स्वच्छता एवं समरसता के वातावरण का निर्माण किया। उन्होंने कहा कि युवा पीढ़ी को गांधीजी के आदर्शों पर चलकर शिक्षा, आदर्शों, सिद्धांतों, विशेष विचारों को अपनाने की जरूरत है। महात्मा गांधी का दर्शन हमें जीवन के हर क्षेत्र में श्रेष्ठ बनाता है और उनका बताया अहिंसा का मार्ग ही जीवन का सर्वश्रेष्ठ मार्ग है, जिसे आज पूरी दुनिया अपना रही है। उन्होंने कहा वर्तमान विश्व पटल पर घटनाओं को देखते हुए दुनिया को गांधी के विचारों को अपनाने की जरूरत है।
प्रशिक्षण कार्यक्रम को सम्बोधित करते हुए नगर परिषद सभापति मधु नुवाल ने कहा कि गांधी जी के विचार व दोष को आत्मसात करना होगा। गांधीजी संपूर्ण विश्व के मानव समाज के आदर्श पुरुष हैं। गांधीजी के विचार एवं कृतित्व कल भी प्रसांगिक थे,आज भी प्रासंगिक है एवं भविष्य में भी रहेंगे। गांधीवादी चिंतक धर्मवीर करेवा ने कहा कि गांधी ने समाज को जीवन जीने का रास्ता दिखाया है। गांधी जी ने धर्मनिरपेक्षता, अहिंसा, सत्य और प्रेम ने समाज को सकारात्मक संदेश दिया है। गांधी जी ने कहा था कि भारत गांवों में बसता है और कुटीर उद्योगों के विकास से ही भारत का विकास संभव है।
शिविर के दौरान जिला परिषद के मुख्य कार्यकारी अधिकारी करतार सिंह, सेवा संघ के सवाई सिंह सहित अन्य गांधीवादी विचारकों ने गांधी दर्शन पर अपने लेक्चर प्रस्तुत किया। इस अवसर पर विभिन्न विभागों की ओर से स्टोलों लगाकर राज्य सरकार की फ्लेगशिप योजनाओं की जानकारी आमजन को दी गई।
कार्यक्रम में बालिकाओं द्वारा गांधी के प्रिय भजन वैष्णव जन, बुद्धम शरणम गच्छामि, ऐ मालिक तेरे बंदे हम सहित सर्व धर्म प्रार्थना सभा एवं सांस्कृतिक प्रस्तुतियां दी। प्रशिक्षण शिविर में प्रत्येक पंचायत से दो-दो और शहर क्षेत्र के प्रत्येक वार्ड से दो-दो गांधीवादी विचारकों ने भी शिरकत की।
इस दौरान प्रमुख बूंदी उपखंड अधिकारी सोहन लाल, मुख्य जिला शिक्षा अधिकारी तेज कंवर, जिला शिक्षा अधिकारी (माध्यमिक) राजेंद्र व्यास, अतिरिक्त जिला शिक्षा अधिकारी ओपी गोस्वामी, निजामुद्दीन, नजीर, आशा गुप्ता, प्रधानाचार्य रेखा आदि मौजूद रहे।