Kota : जन्मजात विकृति से जूझ रहे दो माह के देवांश को मिला नया जीवन
ब्यूरो चीफ़ शिवकुमार शर्मा
कोटा राजस्थान
-स्पीकर बिरला के प्रयासों से दिल्ली में हुआ जटिल ऑपरेशन
कोटा, 30 मई। लोक सभा अध्यक्ष ओम बिरला के प्रयासों से दो माह के एक बच्चे को नया जीवन मिला है। एक गंभीर जन्मजात विकृति से जूझ रहे इच बच्चे का दिल्ली में जटिल ऑपरेशन हुआ। इसके बाद अब बच्चा स्वस्थ है।
लोक सभा में कल्याण अधिकारी डा सौरभ शर्मा ने बताया कि मूलतः अन्ता निवासी महेंद्र लोधा इन दिनों कोटा के खेड़ली फाटक में रहता है। वह सीमलिया टोल नाके पर छोटा-मोटा काम करता है। महेंद्र के घर दो महीने पूर्व पहली संतान के रूप में पुत्र का जन्म हुआ। परिजनों ने बड़े प्यार से उसका नाम देवांश रहा। लेकिन उसके जन्म की खुशियां कुछ ही दिनों में चिंता में बदल गईं।
परिजनों को जब यह पता चला कि देवांश के सीने में दिल के आगे की हड्डी नहीं है, तो उनके पैरों तले जमीन खिसक गई। यह हड्डी हृदय को सुरक्षा प्रदान करती है। इसके नहीं होने से उम्र बढ़ने के साथ ही देवांश के जीवन पर खतरा बढ़ जाता। पूरा परिवार इससे काफी परेशान था।
महेंद्र बेटे के उपचार के लिए जगह-जगह भटक रहा था। करीब एक माह पूर्व स्पीकर बिरला की पहल पर चलाए जा रहे ‘‘हर परिवार स्वस्थ-हर गांव स्वस्थ‘‘ अभियान की एम्बुलैंस जब सीमलिया टोल नाके से गुजरी। महेंद्र ने एम्बुलैंस में मौजूद डॉक्टरों से देवांश की बीमारी को लेकर चर्चा की। डॉक्टरों ने उसे बच्चे और उसके उपचार के कागज लेकर लोक सभा कैंप कार्यालय बुलाया, जहां सामने आया कि देवांश का उपचार दिल्ली में ही संभव है।
इस पर दिल्ली में देवांश के उपचार की सारी व्यवस्था की गई। उसके माता-पिता के दिल्ली जाने और वहां ठहरने का भी इंतजाम किया गया। करीब 10 दिन पूर्व देवांश का दिल्ली में सफल ऑपरेशन हो गया। कुछ दिनों अपनी देखरेख में रखने के बाद अब उसे वहां से छुट्टी भी दे दी गई है। वह अब घर आ गया है। डॉक्टरों का कहना है कि यदि और कोई जटिलता नहीं हुई तो देवांश अब सामान्य जीवन जी पाएगा।
---
*मां की आंखों में खुशी के आंसू*
बेटे देवांश की गंभीर बीमारी का पता लगने के बाद उसकी मां संतोश के आंसू रोके नहीं रूक रहे थे। बच्चे के उपचार से पूर्व डॉक्टरों ने उसकी भी कांउसलिंग की और समझाया कि समस्या जटिल है परन्तु देवांश ठीक हो सकता है। अब बेटे का ऑपरेशन होने के बाद संतोष अब खुश है।
---
*स्पीकर बिरला का जताया आभार*
देवांश के ऑपरेशन के बाद उसके पिता महेंद्र ने स्पीकर बिरला का आभार जताया। उसने कहा कि बेटे की बीमारी का पता चलने के बाद उसे समझ नहीं आ रहा था कि वह क्या करे। स्पीकर बिरला के निर्देश के बाद उसके कार्यालय से हर प्रकार की मदद मिली। डॉ सौरभ निरंतर उनके व दिल्ली के डॉक्टरों के सम्पर्क में रहे, जिससे बेहतर उपचार मिल सका।