अफगानिस्तान छोड़ने से पहले यूएस मिलिट्री ने एयरक्राफ्ट और रॉकेट रक्षा प्रणाली को निष्क्रिय किया

जयपुर। दो दशकों के बाद आज अमेरिका अपनी सेना को अफगानिस्तान से पूरी तरह हटा लेगा। अमेरिका सेना ने काबुल छोडने से पहले अपने 73 विमानों और रॉकेट रक्षा प्रणाली सहित कईं उच्च तकनीक हथियारों को ​निष्क्रिय कर दिया। एक अमेरिकी जनरल ने कहा कि अमेरिकी सेना ने काबुल हवाई अड्डे पर सोमवार को रवाना होने से पहले कई विमानों और बख्तरबंद वाहनों के साथ-साथ एक उच्च तकनीक वाले रॉकेट रक्षा प्रणाली को निष्क्रिय कर दिया। बता दें कि काबुल के हामिद करजई अंतरराष्ट्रीय हवाई अड्डे पर पहले से मौजूद 73 विमान मौजूद थे जिन्हें पूरी तहर से बंद कर दिया है। सेना का कहना है कि ये अब कभी भी उडान नहीं भर पायेंगे। और ना ही इनको कोई​​ फिर से चालू कर सकता है।
अमेरिका के एक सैन्य अधिकारी ने बताया कि 14 अगस्त को एयरलिफ्ट शुरू होने पर काबुल के हवाई अड्डे पर कब्जा करने और संचालित करने के लिए लगभग 6,000 सैनिकों का एक बल बनाया था जिसमें लगभग 70 MRAP बख्तरबंद वाहन है जिनको एयरपोर्ट पर ही छोड दिया है। और इनकी कीमत लगभग $ 1 मिलियन तक हो सकती है।

उन्होंने कहा, वाहनों का इस्तेमाल फिर कभी किसी के द्वारा नहीं किया जाएगा।
वहानों के अलावा अमेरिका ने सी-रैम सिस्टम - काउंटर रॉकेट, आर्टिलरी और मोर्टार - को भी वहीं छोड दिया है जिसका इस्तेमाल हवाईअड्डे को रॉकेट हमलों से बचाने के लिए किया जाता था। बता दें कि इसी प्रणाली की मदद से सोमवार को इस्लामिक स्टेट से छोडे पांच-रॉकेट को रोका गया था। ​अधिकारी ने बताया कि प्रणालियों को खत्म करने और नष्ट करने की काफी जटिल प्रक्रिया है अत: इन्हें निष्क्रिय कर दिया गया है।